Attahiyat Dua in Hindi | अत्तहिय्यात हिंदी में

Attahiyat Dua in Hindi: अस्सलामो अलैकुम दोस्तों आज की इस पोस्ट में अत्तहिय्यात के बारे में हिंदी में बताया गया है। आप यहां पर अत्तहिय्यात की दुआ को आसान और सरल तरीके से पढ़ने के बाद आप अत्तहिय्यात आसानी से याद भी कर सकेंगे। Attahiyat Dua in Hindi को ज्यादा से ज्यादा शेयर करे और सवाबे दारेन हासिल करे।

सबसे पहले आपको यह जानकारी होनी चाहिए की अत्तहिय्यात सभी नमाज़ो में तशह्हुद में पढ़ी जाती है। मतलब की जब किसी भी नमाज़ में 2 रकाअत के बाद नमाज़ी बैठता है तब सबसे पहले अत्तहिय्यात पढ़ी जाती है। फिर दरूद शरीफ़ और फिर दुआ-ए-मासुरा पढ़कर सलाम फेरा जाता है।

यहां पर आपको अच्छे से समझने के लिए हमने हिंदी जबान के साथ-साथ अंग्रेजी और अरबी में भी बताया है आपको जिस भी भाषा में दिलचस्पी लगे एक से दो बार ध्यान से और अच्छे ज़ुबां से यानी शब्दों को ठीक से उच्चारण करके पढ़ें और अपने दिलो दिमाग में समां लें।

तशह्हुद या अत्तहिय्यात क्या है?

आसमान मेँ अल्लाह और उसके रसूल हज़रत मुहम्मद सल्लल्लाहो अलैहि व सल्लम के दरमियान की मेअराज के वक्त की गुफ्तगु (बात-चीत ) को ही अत्तहिय्यात कहते है। तशह्हुद का मतलब है ‘गवाही देना।

जब हमारे नबी हजरत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैही वस्सल्लम अल्लाह से मुलाकात के लिए हाज़िर हुए । तो मुलाकात के वक्त रसूलअल्लाह सल्लल्लाहु अलैही वस्सल्लम ने अल्लाह तबारक वतआला से सलाम नही किया, क्यूंकि  हकीकत मे हम अल्लाह को सलाम पेश नहीँ कर सकते ! क्यूंकि तमाम सलामती अल्लाह की तरफ से है इसलिए हमारे नबी हजरत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैही वस्सल्लम ने अल्लाह को सलाम न करते हुए यह फरमाया: –

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“अत्तहिय्यातु लिल्लाही वस्सलवातु वत्तैयिबातु“

जिसका हिंदी तर्जुमा कि – तमाम बोल से अदा होने वाली और बदन से अदा होने वाली तमाम इबादते अल्लाह के लिए है। 

इसपर अल्लाह तबारक वतआला  ने जवाब दिया- 

अस्सलामु अलैका अय्युहन नबिय्यु व रहमतुल्लाही व बरकातुहू

हिंदी तर्जुमा –  सलामती हो तूम पर या नबी, और रहम और बरकत हो।

हमारे नबी हजरत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैही वस्सल्लम ने फरमाया:

अस्सलामु अलैना व अला इबादिल्लाहिस्सालिहीन

हिंदी तर्जुमा – सलामती हो हम पर और अल्लाह आपके नेक बन्दो पर

यहा गौर करो, नबी ने सलामती हो मुझ पर ऐसा नही कहा बल्की सलामती हो “हम पर” यानी उम्मत पर ऐसा कहा है यह सब वाकेआ “फरिश्तो” ने सूना और ये सब सुनकर फरिश्तो न अर्ज किया:- 

अशहदु अल्ला इलाहा इल्ललाहु व अशहदु अन्ना मुहम्मदन अब्दुहू व रसूलुहु *

हिंदी तर्जुमा – हम गवाही देते है की, अल्लाह के सिवाह कोई इबादत के लायक नही है ! और हम गवाही देते है की, हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैही वस्सल्लम अल्लाह के नेक बन्दे और रसूल है

Attahiyat Dua In Hindi

अत्ताहीयातू लिल्लाही वस्सलावातु वत्तय्यीबातू अस सलामु अलैका अय्यूहन्नबिय्यू वरहमतुल्लाही वबराकातुहू ® अस्सलामुअलैना वआला इबादिल्लाहिस सालिहीन अशहदू अल्ला इलाहा इल्लल्लाहु व अशहदू अन्ना मुहम्मदन अब्दुहू वरसूलुहू

अत्तहिय्यात तर्ज़ुमा हिंदी में

हे अल्लाह! आप अकेले ही सभी इबादते के लायक हैं। हे पैगंबर! आप पर अल्लाह की रहमत और उसकी दुआओं पर हो। हम पर और अल्लाह के नेक बंदों पर शांति हो।  मैं गवाही देता हूं कि अल्लाह के सिवा कोई इबादत के लायक नहीं है और मैं गवाही देता हूं कि मुहम्मद S.A अल्लाह के बंदे और रसूल हैं।

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Attahiyat Dua In English

Attaheeyatu lillaahi Was-sholawatu Vattayyibatu Assalamualaika Ayyuhannabiyyu Warahmatullahi Wabarakatuh ® Assalamualaina Waala Ibadillaahis Saliheen Ashhadu Alla ilaha illallah Wa ashhadu anna Muhammadan Abduhu Warasuluhu ®

अत्तहिय्यात तर्ज़ुमा इंग्लिश में

O ALLAH!You Alone deserve all veneration, worship, and glory. O Prophet! peace be on you and the Mercy of ALLAH and HIS Blessings.

Peace be upon us and on righteous servants of ALLAH. I bear witness that none is worthy of worship except ALLAH and I bear witness that Muhammad is his servant and messenger.

Attahiyat Dua In Arabic

التَّحِيَّاتُ لِلّٰهِ وَالصَّلَوَاتُ وَالطَّيِّبَاتُ اَلسَّلاَمُ عَلَيْكَ أَيُّهَا النَّبِيُّ وَرَحْمَةُ اللّٰهِ وَبَرَكَاتُهُ- السَّلاَمُ عَلَيْنَا وَعَلَى عِبَادِ اللّٰهِ الصَّالِحِيْنَ أَشْهَدُ أَنْ لّٰا اِلَهَ اِلاَّ اللّٰهُ وَاشْهَدُ انَّ مُحَمَّدً عَبْدُهُ وَرَسُوْلُهُ

नमाज़ में अत्तहिय्यात पढ़ने का सही तरीका

जब आप नमाज़ पढ़ रहे हैं और अत्तहियात में बैठे हैं, तब आपको अत्तहियात पढ़ना है।

और अशहदु अल्ला {ला} पर पहुँचे तब आपको कलिमा ला पर दाहिने हाथ की बीच की उंगली और अंगूठे का हल्क़ा बनाकर और कलिमे (शहादत) की उंगली इस तरह उठानी है कि

अंगूठा और बीच की सबसे बड़ी वाली उंगली के पेट दोनों मिले रहें और जब इल्लल्लाहु पर आयें तो ऊँगली नीचे कर लें।

अगर आप दो रकाअत वाली नमाज़ पढ़ रहे हैं तो अत्तहिय्यात (attahiyat) पढ़ने के बाद दुरूद शरीफ़ और दुआ पढ़कर सलाम फेर लें।

अगर तीन या चार रकाअत वाली नमाज़ पढ़ रहे हैं, तो अत्तहिय्यात के बाद अल्लाहु अकबर कहकर खड़े हो जायें।

अत्तहिय्यात की कुछ जरूरी बातें या हदीसें

रसूल अल्लाह(सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम) ने इरशाद फरमाया:-

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जब कोई अल्लाह का बंदा नमाज के दौरान तशह्हुद या अत्तहिय्यात की दुआ ‘व ‘अला ‘इबदिल्लाहिस-सालिहीन’ तक पढ़ता है,

तो उसने अल्लाह के सभी इबादत गुजार नेक बंदों को सलातो सलाम भेज दिया, चाहे वह जमीन में हो या आसमानों में।

और उसके बाद अल्लाह का नेक बन्दा अश-हदू अल्ला इलाहा इल्लल्लाहू व अश-हदू अन्ना मुहम्मदन अब्दुहु व रसूलुहु पढ़ता है, उसके बाद वह जो चाहे दुआ मांग सकता है।

निष्कर्ष

दोस्तों आज आपने इस लेख में Attahiyat Dua in Hindi, अंग्रजी और अरबी में जाना हैं जिससे आप सभी आसानी से सीख सकते हैं, साथ ही आप ने यहां पर यह भी जाना कि अत्तहिय्यात कैसे और कब पढ़ते हैं फिर आप ने यह भी जाना कि अत्तहिय्यात के बाद क्या पढ़ते हैं।

हमें यकिन है कि इस पैगाम को पढ़ने के बाद आप अत्तहिय्यात यानी तशह्हुद को समझ कर याद भी कर लिए होंगे यहां पर हम ने आप को अच्छे से समझने के लिए अत्तहिय्यात को आसान और हिंदी के साथ अंग्रेजी में भी लिखा है।

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